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क्या अंकिता भंडारी मामले में घिरे दुष्यंत गौतम बन गए हैं ‘बलात्कारी गवर्नर’? जानिए वायरल दावे की सच्चाई

वायरल हो रही इस पोस्ट और दावे का फैक्टचेक निम्नलिखित है:

दावा: दावा किया जा रहा है कि उत्तराखंड की अंकिता भंडारी हत्याकांड के मामले में लिप्त भाजपा नेता दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बना दिया गया है और उन्हें ‘बलात्कारी’ बताया गया है।

फैक्टचेक / सच्चाई: अंकिता भंडारी मामले में घिरे दुष्यंत गौतम बन गए हैं ‘बलात्कारी गवर्नर’?

  • राज्यपाल नियुक्ति: यह सच है कि केंद्र सरकार द्वारा भाजपा के वरिष्ठ नेता और राष्ट्रीय महासचिव रहे दुष्यंत कुमार गौतम को सिक्किम का राज्यपाल नियुक्त किया गया है।
  • अंकिता भंडारी मामले से जुड़ाव और आरोप: उत्तराखंड के चर्चित अंकिता भंडारी हत्याकांड मामले में सोशल मीडिया और राजनीतिक बयानों के जरिए कथित ‘VIP’ के रूप में दुष्यंत गौतम का नाम जोड़ा गया था। अंकिता के माता-पिता और विपक्षी दलों (जैसे कांग्रेस) का आरोप है कि इस मामले में कथित वीआईपी की भूमिका की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और जब तक सीबीआई जांच पूरी नहीं होती, तब तक उन्हें राज्यपाल नहीं बनाया जाना चाहिए।
  • कानूनी स्थिति और मानहानि का मुकदमा: दुष्यंत गौतम ने अपने ऊपर लगे इन सभी आरोपों को सिरे से खारिज करते हुए इन्हें पूरी तरह बेबुनियाद और राजनीतिक षड्यंत्र बताया है। उन्होंने इस मामले में दिल्ली उच्च न्यायालय में मानहानि का मुकदमा भी दायर किया था, जिसके बाद अदालत ने प्रथम दृष्टया उनके खिलाफ ऐसी सामग्री प्रसारित करने पर रोक लगाई थी।
  • ‘बलात्कारी’ शब्द का इस्तेमाल: अंकिता भंडारी हत्याकांड में मुख्य आरोपी पुलकित आर्य और उसके साथियों को अदालत द्वारा आजीवन कारावास की सजा सुनाई जा चुकी है। हालांकि, दुष्यंत गौतम पर बलात्कार का कोई आपराधिक मामला दर्ज नहीं है और न ही अदालत द्वारा उन्हें इस मामले में दोषी ठहराया गया है। राजनीतिक विरोध और आरोपों के तहत उन्हें इस प्रकरण से जोड़ा गया है।

हॉटलिंक का मत : दुष्यंत गौतम को सिक्किम का राज्यपाल बनाए जाने के बाद उनके खिलाफ अंकिता भंडारी मामले को लेकर राजनीतिक विरोध और प्रदर्शन जरूर हो रहे हैं, लेकिन उन्हें ‘बलात्कारी’ बताना तथ्यात्मक रूप से सही नहीं है क्योंकि अदालत में उनके खिलाफ ऐसा कोई दोष सिद्ध नहीं हुआ है।






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